मुंबई: बोरीवली के कस्तूरबा मार्ग पुलिस ने एक ऐसे शातिर ठग को गिरफ्तार किया है, जो एटीएम केंद्र पर बुजुर्गों को मदद करने के बहाने उनका डेबिट कार्ड बदल देता था। पुलिस ने आरोपी के पास से विभिन्न बैंकों के 71 डेबिट कार्ड बरामद किए हैं और धोखाधड़ी के तीन मामलों का खुलासा किया है।
7 फरवरी 2026 को बोरीवली (पूर्व) स्थित कार्टर रोड नंबर 9 के बैंक ऑफ इंडिया एटीएम में एक 75 वर्षीय बुजुर्ग पैसे निकालने गए थे। वहां मौजूद आरोपी ने मदद करने के बहाने उनका एटीएम पिन देख लिया और चालाकी से बुजुर्ग का कार्ड बदलकर दूसरा कार्ड थमा दिया। इसके तुरंत बाद आरोपी ने बुजुर्ग के खाते से 10,000 रुपए निकाल लिए। इस संबंध में कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया था।
सीसीटीवी फुटेज से खुला राज
मामले की गंभीरता को देखते हुए अपराध प्रकटीकरण दल (डिटेक्शन स्क्वाड) ने घटनास्थल के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। जांच में सामने आया कि आरोपी हर दो-तीन दिन में एक निश्चित समय पर वहां आता था और बुजुर्गों या अनजान लोगों को निशाना बनाता था।
जाल बिछाकर आरोपी को दबोचा
पुलिस ने एटीएम के पास जाल बिछाया और जैसे ही आरोपी दोबारा शिकार की तलाश में वहां पहुंचा, उसे हिरासत में ले लिया गया। पकड़े गए आरोपी की पहचान फ्रांसिस पैट्रिक फर्नांडीस (37 वर्ष), निवासी अंधेरी (पश्चिम) के रूप में हुई है। तलाशी के दौरान उसके पास से अलग-अलग बैंकों के 71 डेबिट कार्ड मिले।
सुलझाए गए मामले
पुलिस की पूछताछ में अब तक तीन बड़े मामलों का खुलासा हुआ है:
कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन – मामला क्र. 110/2026
कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन – मामला क्र. 111/2026
कस्तूरबा मार्ग पुलिस स्टेशन – मामला क्र. 112/2026
इन सभी मामलों में आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318 (4) और सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) अधिनियम की धारा 66-डी के तहत कार्रवाई की गई है।
जांच टीम : यह कार्रवाई उत्तर प्रादेशिक विभाग के अपर पुलिस आयुक्त शशिकुमार मीना, पुलिस उपायुक्त महेश चिमटे और वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक जयराज रणवरे के मार्गदर्शन में सहायक पुलिस निरीक्षक सरला थोरात, उपनिरीक्षक धीरज वायकोस, अनिकेत शिंदे और उनकी टीम द्वारा की गई।
पुलिस की अपील : एटीएम का इस्तेमाल करते समय किसी भी अनजान व्यक्ति की मदद न लें और अपना पिन गुप्त रखें।
