मुंबई: ठाकरे बंधुओं (उद्धव और राज ठाकरे) के मिलन और उनकी चुनावी युति की घोषणा के बाद महाराष्ट्र की राजनीति में घमासान मच गया है। महायुती (भाजपा-शिंदे गुट) के नेताओं ने इस गठबंधन को ‘स्वार्थ का मिलन’ करार देते हुए तीखे हमले किए हैं।
महायुती के नेताओं का तीखा पलटवार
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसे अस्तित्व बचाने की लड़ाई कहा है।” मुख्यमंत्री फडणवीस ने इस युति को प्रभावहीन बताते हुए हिंदुत्व के मुद्दे पर घेरा। उन्होंने कहा कि “यह युति केवल अपना राजनीतिक अस्तित्व बचाने के लिए की गई है। इससे मुंबई की राजनीति पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा।”
मराठी कार्ड पर तंज
सीएम देवेंद्र ने कहा, “इन लोगों ने लगातार मुंबईकरों के साथ विश्वासघात किया है और मराठी मानुष को मुंबई से बाहर करने का काम किया है। हम सिर्फ वोटों के लिए भगवा शाल नहीं ओढ़ते। हमारा हिंदुत्व अटल है, हम कल भी हिंदुत्ववादी थे और कल भी रहेंगे। जनता अब इनके भावनात्मक दांवपेच में नहीं आएगी।”
ये मुंबई क्या संभालेंगे?
राज ठाकरे के ‘बच्चा चोर गिरोह’ (राजनीतिक दल बदलना) वाले बयान पर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने करारा जवाब दिया। उन्होंने राज-उद्धव पर तंज कसते हुए कहा कि “जो अपने ‘बच्चे’ (पार्टी के कार्यकर्ता/नेता) नहीं संभाल सके, वो मुंबई क्या संभालेंगे?” यह गठबंधन केवल सत्ता के लालच और मुख्यमंत्री की कुर्सी के लिए है।”
मराठी अस्मिता पर सवाल
डीसीएम शिंदे ने कहा कि “इतने सालों तक सत्ता में रहते हुए इन्हें मराठी मानुष याद नहीं आया। जब मराठी व्यक्ति मुंबई से बाहर फेंका गया, तब ये कहाँ थे? हमने 12,500 गिरणी कामगारों को घर दिए, ये बताएं इनके पास क्या योजना है?”
‘लाव रे तो वीडियो’ अब जनता दिखाएगी”
भाजपा नेता और मंत्री एड. आशीष शेलार ने सोशल मीडिया पर राज ठाकरे के पुराने बयानों को याद दिलाते हुए घेरा। शेलार ने राज को याद दिलाते हुए कहा कि “आपने कहा था कि ‘मातोश्री’ में बैठे मेरे विट्ठल (भगवान स्वरूप बालासाहेब ठाकरे) को दलालों (बडवों) ने घेर लिया है, इसलिए वह बाहर निकले तो क्या अब वही बिचौलिये उन्हें स्वीकार्य हो गए हैं?”
आईना दिखाएगी जनता: “अब मुंबईकर कहेंगे— ‘लाव रे तो वीडियो’ (लगाओ वो वीडियो)। जनता आपके पुराने भाषणों का आईना आपके सामने रखेगी। आखिर उस वक्त अलग क्यों हुए थे, क्या तब जनता ने आंदोलन किया था, क्या तब महाराष्ट्र बड़ा नहीं था और आज गले क्यों मिल रहे हैं?” इसका जवाब जनता राज से मांगेगी।
“चार ‘मामू’ की मानसिकता के सामने सरेंडर”
मुंबई भाजपा अध्यक्ष और विधायक अमित साटम ने राज ठाकरे का पुराना वीडियो साझा करते हुए उन पर ‘वैचारिक समझौते’ का आरोप लगाया। उन्होंने मानसिकता पर प्रहार करते हुए कहा कि “जिन चार लोगों की वजह से राज ठाकरे ने शिवसेना छोड़ी थी, आज उसी यूबीटी गुट के साथ गठबंधन कर लिया जो नए ‘चार मामू’ और खान मानसिकता से घिरा है। यह देखना हास्यास्पद है।”
राज ने ये कहा था
इससे पहले प्रेस कॉन्फ्रेंस में राज ठाकरे से सीटों के बंटवारे पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने मजाकिया लेकिन तंज भरे लहजे में कहा था कि “महाराष्ट्र में आजकल छोटे बच्चे चुराने वाले गिरोह सक्रिय हैं। इसमें दो नए गिरोह शामिल हुए हैं, जो ‘राजनीतिक बच्चे’ (उम्मीदवार/नेता) चुराते हैं। इसीलिए हम उम्मीदवारों के नाम अभी गुप्त रख रहे हैं।” इसी बयान ने शिंदे और भाजपा नेताओं को पलटवार करने का मौका दे दिया।
