मुंबई. महाराष्ट्र बीजेपी के नए प्रदेश कार्यालय के मौके पर प्रस्तावित कार्यालय की जमीन को लेकर सवाल खड़े करने वाले संजय राउत और रोहित पवार को सहित पूरे विपक्ष को मुख्यमंत्री फडणवीस ने जमकर फटकारा. उन्होंने कहा कि जिन लोगों का जमीन हथियाने का इतिहास रहा है, उन्हें दूसरों पर सवाल नहीं उठाना चाहिए. उन्होंने कहा कि बीजेपी शीशे के घर में नहीं रहती. इसलिए हम पर पत्थर फेंकने की गलती मत करो. सीएम देवेंद्र ने कहा कि “हम सभी चाहते थे कि मुंबई में हमारी भाजपा का एक भव्य प्रदेश कार्यालय बने. इसके लिए हम सही जगह ढूंढ़ रहे थे. लेकिन हम जानते थे कि कुछ नतद्रष्ट बैठे हैं, जो रोज सवाल खड़े करेंगे. इसलिए हमने तय किया कि सरकारी जगह नहीं लेंगे. इसकी बजाय हम ऐसी कोई ऐसी निजी जगह लेंगे, जो हमें किफायती दाम में मिल जाए और मनोज कोटक ने ऐसी जगह ढूंढ़ निकाली. हमने इसे धीरे-धीरे प्रयास करके हासिल किया है. लेकिन फिर कुछ लोगों ने इस पर सवाल भी उठा रहे हैं. मुख्यमंत्री फडणवीस ने चेतावनी देते हुए कहा कि मैं ऐसे लोगों से आगाह करता हूं. हमने यह जमीन नियमत: खरीदी है. हमने बीएमसी के नियमों का पालन किया है. हमने सारी अनुमतियां लीं. कोई शॉर्टकट नहीं मारा है.

राऊत-रोहित ने उठाए थे सवाल
शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे पार्टी के सांसद संजय राऊत बीजेपी के नए प्रदेश कार्यालय की जमीन को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि मराठी भाषा भवन की फाइल अभी भी अटकी हुई है. मराठवाड़ा के किसानों की मदद की फाइल भी अभी तक आगे नहीं बढ़ी है. दिवाली के बाद भी किसानों को कोई मदद नहीं मिली. लेकिन बीजेपी के पांच सितारा मुख्यालय की फाइल राफेल की रफ्तार से आगे बढ़ गई. यह सब इतनी जल्दी कैसे हो गया? इसका राज जमीन के नीचे ही छिपा है. इसी तरह राकां शरदचंद्र पवार पार्टी के विधायक रोहित पवार ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा था कि राज्य में जमीन घोटाले तो हो ही रहे हैं. साथ ही मुंबई में जिस भाजपा कार्यालय का शिलान्यास हो रहा है, उसे लेकर भी तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं. यह जगह महाराष्ट्र हाउसिंग फाइनेंस कॉरपोरेशन ने 99 साल के लिए लीज पर ली थी और इमारत को खतरनाक बताकर उसे अपने कब्जे में लेकर गिरा दिया गया. अब चर्चा है कि वहां भाजपा कार्यालय का शिलान्यास हो रहा है.
