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‘ऑपरेशन नार्कोस’: बांद्रा टर्मिनस RPF की बड़ी कार्रवाई

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13.83 करोड़ की चरस बरामद
मुंबई: पश्चिम रेलवे के मुंबई सेंट्रल मंडल के तहत रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने ‘ऑपरेशन नार्कोस’ के जरिए मादक पदार्थों की तस्करी करने वाले गिरोहों पर जोरदार प्रहार किया। शनिवार, 21 फरवरी 2026 को बांद्रा टर्मिनस पर आरपीएफ की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए करीब 13.834 किलोग्राम चरस जब्त की, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 13 करोड़ 83 लाख 40 हजार रुपए आंकी गई है।
लावारिस बैग से खुला राज
घटना शनिवार को सुबह करीब 4:20 बजे की है, जब ट्रेन संख्या 19038 (अवध एक्सप्रेस) बांद्रा टर्मिनस के प्लेटफॉर्म नंबर 04 पर पहुंची। कोच लॉकिंग ड्यूटी के दौरान आरक्षक मुकेश मंगवा को गार्ड के पास वाले सामान्य कोच में एक लावारिस बैग मिला। संदेह होने पर मंगवा ने तुरंत ड्यूटी अधिकारी प्रभाकर राव और प्रभारी उप निरीक्षक उपनिरीक्षक योगेश कुमार जानी को सूचित किया। उपनिरीक्षक योगेश कुमार जानी मामले की जानकारी बांद्रा टर्मिनस आरपीएप के निरीक्षक जगदीश प्रसाद जाट और कार्यभार निरीक्षक राजेंद्र कुमार शर्मा सहित वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त संतोष सिंह राठौड़. सहायक सुरक्षा आयुक्त कल्याण डी. मोरे, सहिता बांद्रा रेलवे पुलिस (जीआरपी) व फॉरेंसिक विभाग को मामले की जानकारी दी।
तलाशी में मिले 31 पैकेट
वरिष्ठ अधिकारियों और स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में जब बैग खोला गया, तो उसमें कपड़ों और कंबल के नीचे छिपाकर रखे गए चरस के 31 पैकेट बरामद हुए। वजन करने पर यह 13.834 किलोग्राम निकला।
टैंगा’ और ‘रॉकी’ ने की पुष्टि
मामले की गंभीरता को देखते हुए आरपीएफ के नार्को स्पेशलिस्ट डॉग ‘टैंगा’ और जीआरपी के डॉग ‘रॉकी’ को मौके पर बुलाया गया। दोनों श्वान दस्तों द्वारा मादक पदार्थ होने की पुष्टि के बाद, फॉरेंसिक (एफएसएल) और एनडीपीएस टीम को तलब किया गया। इस कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी कराई गई।

जीआरपी कर रही आगे की जांच
बांद्रा टर्मिनस आरपीएफ ने जब्त मादक पदार्थ आगे की कार्रवाई के बांद्रा जीआरपी के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक शाहाजी निकम को सौंप दिया है। जीआरपी अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 8(सी) व 20(बी)(ii)(सी) के तहत मामला दर्ज करके यह जानने का प्रयास कर रही है कि जप्त की गई चरस किसने और कहां से ट्रेन में चढ़ाई थी तथा उसे मुंबई में किसे सौंपने की योजना था?

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