मुंबई. नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज विश्व जिन बहुआयामी चुनौतियों का सामना कर रहा है, उनका समाधान भारतीय स्टार्टअप्स में निहित है। उन्होंने गर्व के साथ बताया कि भारत आज विश्व की तीसरी सबसे बड़ी स्टार्टअप पारिस्थितिकी प्रणाली बन चुका है।
मुंबई के ताजमहल होटल के क्रिस्टल हॉल में आयोजित भारत–फ्रांस स्टार्टअप मंच कार्यक्रम में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों भी उपस्थित थे।
भारत–फ्रांस स्टार्टअप वर्ष 2026’ की घोषणा
प्रधानमंत्री ने जानकारी दी कि जून 2026 में ‘भारत इनोवेट्स 2026’ कार्यक्रम के तहत दोनों देश फ्रांस में पुनः मिलेंगे। जलवायु परिवर्तन, सुरक्षा और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में भारतीय स्टार्टअप्स के नवाचारों को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा। दोनों नेताओं ने वर्ष 2026 को ‘भारत–फ्रांस स्टार्टअप वर्ष’ घोषित किया है, जो द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा देगा।
अटल इनोवेशन मिशन के 10 वर्ष
प्रधानमंत्री ने बताया कि अटल इनोवेशन मिशन 24 फरवरी को अपने दस वर्ष पूर्ण करेगा।
10,000 से अधिक टिंकरिंग लैब्स
1 करोड़ से अधिक छात्र जुड़े
100 से अधिक इन्क्यूबेटर सक्रिय
उन्होंने उद्यमियों से इस मिशन से जुड़ने का आह्वान किया।
बजट में स्टार्टअप्स को प्रोत्साहन
प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य में स्टार्टअप्स इंजन की भूमिका निभा रहे हैं।
15,000 विद्यालयों और 500 महाविद्यालयों में ‘कंटेंट क्रिएटर लैब्स’ स्थापित होंगी।
एआई, क्वांटम, जैव प्रौद्योगिकी, सेमीकंडक्टर और स्वच्छ ऊर्जा पर मिशन मोड में कार्य।
वस्त्र, रसायन, खेल सामग्री, इलेक्ट्रॉनिक्स और अवसंरचना क्षेत्र में बढ़ावा।
उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि महिला नेतृत्व वाले अनुसंधान और स्टार्टअप्स के क्षेत्र में भारत वैश्विक उदाहरण बन रहा है।
भारत स्टार्टअप नेतृत्वकर्ता: मैक्रों
शिक्षा और कौशल पर जोर
राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा कि भारत वैश्विक स्टार्टअप परिदृश्य में केवल सहभागी नहीं, बल्कि नेतृत्वकर्ता देश है। उन्होंने स्टार्टअप्स के लिए शिक्षा और प्रशिक्षण में निवेश को अनिवार्य बताया।
उन्होंने कहा कि फ्रांस–भारत एरोनॉटिक्स परिसर विशेष कौशल विकास के अवसर प्रदान कर रहा है।
रक्षा और अंतरिक्ष सहयोग मजबूत
मैक्रों ने कहा कि रक्षा क्षेत्र में फ्रांस ‘मेक इन इंडिया’ का विश्वसनीय भागीदार है।
अगली पीढ़ी के इंजन
बहुउद्देश्यीय हेलिकॉप्टर
अत्याधुनिक लड़ाकू विमान
पनडुब्बियों का विकास
अंतरिक्ष सहयोग का उल्लेख करते हुए उन्होंने ‘त्रिश्ना’ उपग्रह परियोजना को वैज्ञानिक उत्कृष्टता का उदाहरण बताया।
उन्होंने कहा कि यह केवल रक्षा समझौते नहीं, बल्कि संप्रभु रणनीतिक गठबंधन है।
गेटवे ऑफ इंडिया बना मैत्री का प्रतीक
‘इंडिया–फ्रांस इयर्स ऑफ इनोवेशन’ के तहत भव्य आयोजन
‘इंडिया–फ्रांस इयर्स ऑफ इनोवेशन’ पहल के अंतर्गत ऐतिहासिक गेटवे ऑफ इंडिया परिसर में भव्य ध्वनि-प्रकाश कार्यक्रम आयोजित किया गया। अरब सागर की पृष्ठभूमि में प्रस्तुत इस सांस्कृतिक आयोजन में दोनों देशों की समृद्ध विरासत और ऐतिहासिक संबंधों का कलात्मक प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम में ब्रिजिट मैक्रों, राज्यपाल आचार्य देवव्रत, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
रणनीतिक साझेदारी को नई मजबूती
राष्ट्रपति मैक्रों की भारत यात्रा के दौरान आयोजित इस कार्यक्रम ने आर्थिक, प्रौद्योगिकीय और सांस्कृतिक सहयोग की गहराती साझेदारी को रेखांकित किया। भारत और फ्रांस के संबंधों को ‘विशेष वैश्विक रणनीतिक साझेदारी’ के स्तर तक उन्नत किया गया है, जो विश्वास और समान मूल्यों पर आधारित है।

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